भारत सांस्कृतिक रूप से बेहद समृद्ध रहा है. यहां पहाड़ पर बसा शारदा मंदिर है तो समुद्र के नीचे द्वारका नगरी होने की बात कही जाती है. पश्चिम में सोमनाथ मंदिर इतिहास याद दिलाता है तो पूरब में मां कामाख्या देवी देश-विदेश के भक्तों को अपने दर पर बुला लेती हैं. देश में सैकड़ों हजारों साल पुराने मंदिर भी हैं देश की समृद्ध विरासत की गाथा कहते हैं.
सैकड़ों-हजारों सालों से वैसे के वैसे टिके मंदिर हजारों साल का इतिहास बताते हैं तो नए बन रहे मंदिर भविष्य की तस्वीर दर्शाते हैं. देश के कोने-कोने में बने मंदिरों की अपनी-अपनी कहानी है. कोई मंदिर अपने भक्तों की वजह से मशहूर है तो कोई अपनी विशालता के लिए. कुछ मंदिर देवी-देवताओं की वजह से चर्चा में रहते हैं तो कुछ ऐतिहासिक घटनाओं की वजह से.
यही वजह है कि देशभर के श्रद्धालु अपना सबकुछ छोड़कर दूर-दराज के मंदिरों में भी दर्शन करने जाते हैं क्योंकि उनसे उनकी श्रद्धा जुड़ी हुई होती है.