भारत में धर्म कथाएं न सिर्फ लोगों को अच्छे जीवन की सीख देती हैं बल्कि धार्मिक किरदारों और उनके इतिहास के बारे में भी बताती हैं. सदियों से वेदों, पुराणों और महाकाव्यों से जुड़े किस्सों को देश के कोने-कोने में दादी-नानी की कहानियों के रूप में भी सुनाया जाता है और धार्मिक बैठकों में उनपर टीका-टिप्पणी भी खूब होती है.
देश के अलग-अलग हिस्सों में एक ही घटना को लेकर अलग-अलग किस्से भी पाए जाते हैं. उदाहरण के लिए रामायण को लेकर देश के कई हिस्सों में अलग-अलग वर्जन चलते हैं. उन्हीं किरदारों को लेकर किस्से तो बदलते ही हैं, कई बार किरदारों के आपसी रिश्तों में भी काफी अंतर देखा जाता है.
ऐसे में धार्मिक किस्सों को पढ़ना और उन्हें किसी को सुनाना काफी रोचक होता है.