नए घर के लिए भेजे पैसे, दो घंटे बाद ही आई खबर... आंतकियों से मुठभेड़ में शहीद हो गया घर का लाल

Pravin Janjal Martyr: जम्मू-कश्मीर के कुलगाम में शनिवार रात भारतीय सेना और आतंकियों के बीच मुठभेड़ हुई. मुठभेड़ में चार आतंकी मारे गए, जबकि दो भारतीय जवान शहीद हो गए. बताया जा रहा है कि शहीदों में अकोला जिले के 24 साल के जवान प्रवीण जंजाल भी शामिल हैं. प्रवीण की इसी साल गर्मी की छुट्टियों में शादी हुई थी. आज शहीद का पार्थिव शरीर उनके घर पहुंचेगा.

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Pravin Janjal Martyr: सामान्य दिनों की तरह शनिवार को दोपहर करीब 3 बजकर 50 मिनट पर 1 राष्ट्रीय राइफल्स के जवान प्रवीण जंजाल ने महाराष्ट्र के अकोला में अपने परिजन को UPI के जरिए 49 हजार रुपये भेजे. मोरगांव में रहने वाले परिजन यहां नया घर बनवा रहे हैं. पैसे मिलने के करीब दो घंटे बाद प्रवीण के परिजन के लिए सबसे बुरी खबर आई, जिसने सबकुछ तबाह कर दिया. प्रवीण के यूनिट से उनके परिजन को फोन कर बताया गया कि प्रवीण नहीं रहे.

25 साल के प्रवीण कुलगाम के फ्रिसल चिन्निगाम और मोडेरगाम गांव में आतंकवादियों के साथ अलग-अलग मुठभेड़ों में शहीद हुए दो सैनिकों में से एक थे. दूसरे शहीद लांस नायक प्रदीप नैन (27) थे. शहीद जवान प्रवीण के पिता अकोला में 1.5 एकड़ खेत जोतते हैं. पैसे भेजने के तुरंत बाद प्रवीण ने अपने बड़े भाई सचिन को फोन किया था. प्रवीण के चचेरे भाई शैलेश गवई ने बताया कि अब परिवार गमगीन है. शैलेश ने कहा कि घर तो बन गया, लेकिन उनकी खुशियों की नींव ढह गई, जिससे एक ऐसे खालीपन से जूझना पड़ रहा है जिसे कभी भरा नहीं जा सकता.

घर की स्थिति ठीक नहीं थी, प्रवीण सेना में गया तो सुधरी, अब फिर से वही हाल!

शैलेश ने बताया कि प्रवीण के पिता प्रभाकर अपने डेढ़ एकड़ खेत में खेती करते हैं. उन्हें अपनी जमीन से जो मिलता है, वह काफी नहीं है. वह दूसरों के खेतों में खेतिहर मजदूर के तौर पर काम करते हैं. प्रवीण के सेना में भर्ती होने के बाद ही परिवार की स्थिति में सुधार हुआ. प्रवीण की शादी एक साल से भी कम समय पहले श्यामबाला से हुई थी.

शैलेश के मुताबिक, प्रवीण और उनके भाई सचिन ने सेना में भर्ती के लिए एक साथ तैयारी की थी. प्रवीण का सिलेक्शन उसके पहले प्रयास में ही हो गया था, जबकि उनका भाई अब राज्य पुलिस में भर्ती होने की तैयारी कर रहा है. प्रवीण द्वितीय महार रेजिमेंट में भर्ती हुए और बाद में राष्ट्रीय राइफल्स में चले गए, जिसमें दो साल के कार्यकाल के लिए सेना की विभिन्न इकाइयों से सैनिक आते हैं. 

चार महीने पहले गर्मी की छुट्टियों में हुई थी शादी

शैलेश ने बताया कि कश्मीर में अपनी पोस्टिंग से पहले, प्रवीण ने अरुणाचल प्रदेश में सेवा की थी. प्रवीण के पार्थिव शरीर को नागपुर ले जाने से पहले श्रीनगर ले जाया गया. आज सुबह प्रवीण का पार्थिव शरीर अकोला पहुंचेगा. उनके परिवार में उनकी पत्नी, माता, पिता, भाई है. चार माह पहले प्रवीण जंजाल छुट्टी पर गांव आए थे. इसी छुट्टियों के दौरान उनकी शादी हुई थी. 

जानकारी के मुताबिक, दस्ते के साथ शनिवार को कुलगाम जिले के मोदरगाम में आतंकियों से मुठभेड़ हुई थी. यहां छह आतंकी थे. बताया जाता है कि चारों की हत्या के बाद आतंकियों की ओर से की गई अंधाधुंध फायरिंग में प्रवीण के सिर में गोली लगी. रेजिमेंट की ओर से परिवार को सूचित किया गया कि वह इसमें शहीद हो गये हैं.