पाकिस्तान-चीन हमला करने से पहले 100 बार सोचेंगे, सेना को मिले 156 'देशी ब्रह्मास्त्र', सरकार ने सबसे बड़े रक्षा सौदे को दी मंजूरी
भारत ने 156 मेड इन इंडिया एलसीएच प्रचंड हेलीकॉप्टर खरीदने के लिए अब तक के सबसे बड़े रक्षा सौदे को मंजूरी दे दी है. सुरक्षा मामलों की कैबिनेट समिति की आज हुई बैठक में यह फैसला लिया गया.

भारत सरकार ने अपनी सबसे बड़ी रक्षा खरीद को मंजूरी दे दी है, जिसके तहत 156 "प्रचंड" हेलीकॉप्टरों की खरीद की जाएगी. दरअसल, यह फैसला आज यानि कि (28 मार्च) को कैबिनेट समिति की सुरक्षा बैठक में लिया गया. यह सौदा "मेड इन इंडिया" परियोजना के तहत होने वाला है, जिससे भारतीय सेना को अत्याधुनिक लाइट कॉम्बैट हेलीकॉप्टर (LCH) मिलेंगे. यह हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (HAL) के लिए अब तक का सबसे बड़ा ऑर्डर होगा. जहां हेलिकॉप्टरों का निर्माण कर्नाटक के बेंगलुरु और तुमकुर स्थित उनके संयंत्रों में किया जाएगा.
न्यूज एजेंसी एएनआई की रिपोर्ट के मुताबिक, रक्षा मंत्रालय ने इस फाइनेंशियल ईयर में 2.09 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा के रक्षा सौदों पर हस्ताक्षर किए हैं, जो भारतीय सेना की क्षमता और आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है. यह खरीद भारतीय रक्षा क्षेत्र के आत्मनिर्भरता और घरेलू उत्पादन को बढ़ावा देने की दिशा में एक मील का पत्थर साबित होगी.
प्रचंड हेलीकॉप्टर की क्या है खासियतें?
LCH प्रचंड हेलीकॉप्टरों को भारतीय रक्षा कंपनियों द्वारा स्वदेशी रूप से विकसित किया गया है. यह हेलीकॉप्टर भारतीय सेना की रणनीतिक जरूरतों को पूरा करने के लिए डिज़ाइन किया गया है, जिसमें पर्वतीय इलाकों में कार्यक्षमता और युद्ध में उच्च प्रभाव क्षमता शामिल है. इन हेलीकॉप्टरों में आधुनिक तकनीक और उच्चतम मानकों के अनुरूप डिज़ाइन किया गया है, जो भारतीय सुरक्षा बलों को अत्याधुनिक युद्ध क्षमताओं से लैस करेगा.
मोदी सरकार का आत्मनिर्भरता की ओर एक और कदम
इस रक्षा सौदे के जरिए भारतीय सेना को बेहतर और प्रभावी युद्ध सामग्री मिलेंगी, जो स्वदेशी रूप से निर्मित होगी. प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की सरकार की "आत्मनिर्भर भारत" पहल को इस निर्णय से बड़ी ताकत मिलेगी, क्योंकि इससे भारतीय रक्षा क्षेत्र की क्षमता और मजबूत होगी.
हालांकि, मोदी सरकार ने इससे पहले ‘मेक इन इंडिया’ के तहत रक्षा क्षेत्र में 83 लाइट कॉम्बैट एयरक्राफ्ट (LCA) का सबसे बड़ा ऑर्डर पहले ही दिया जा चुका है. साथ ही 97 और LCA ऑर्डर करने की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है. इसके अलावा 307 ATAGS हॉवित्जर तोपों की खरीद को भी हाल ही में कैबिनेट से मंजूरी मिली है.