menu-icon
India Daily

एक-दूसरे को नाम से बुलाते हैं हाथी, इंसानों की तरह रखते हैं नाम, समझिए कैसे हुआ खुलासा

Study On Elephants: शोधकर्ताओं ने हाथियों को लेकर एक चौंकाने वाली रिसर्च का खुलासा किया है. शोधकर्ताओं का कहना है कि हाथी भी अपने साथियों को बुलाने के लिए उनका नाम रखते हैं. उन्हें अपने पास बुलाने के लिए वे खास तरह की ध्वनि का प्रयोग भी करते हैं.

auth-image
Edited By: India Daily Live
Elephant study
Courtesy: Social Media

Study On Elephants: हम इंसान हर शख्स को किसी ना किसी नाम से संबोधित करते हैं. इस नाम की वजह से उसे पूरे जीवनभर जाना जाता है, लेकिन आपको जानकर हैरानी होगी कि हाथियों में भी ऐसा ही होता है. हाथियों के ऊपर की गई एक स्टडी के नतीजों ने पूरी दुनिया को चौंका दिया है. नई रिसर्च के मुताबिक, हाथी एक दूसरे को अलग-अलग नामों से पुकारते हैं. वे अपने साथियों के नाम भी रखते हैं. जंगली अफ्रीकी हाथियों के बारे में यह रिसर्च नेचर इकोलॉजी एंड इवोल्यूशन जर्नल में पब्लिश की गई है. इस रिसर्च की मानें तो हाथी अपने साथियों को बुलाने के लिए उनका नाम रखते हैं और खास तरह की ध्वनि का प्रयोग करते हैं.

रिपोर्ट के अनुसार, रिसर्च टीम ने केन्या में अफ्रीका के सवाना हाथियों के दो झुंडों की आवाजों को जानने समझने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का प्रयोग किया. इस रिसर्च में सामने आया कि जहां एक ओर डॉल्फिन और तोते अपनी प्रजाति के अन्य लोगों की नकल करने के बाद एक -दूसरे को संबोधित करते नजर आए. वहीं, हाथी पहले ऐसे गैर-मानव जानवर साबित हुए जो ऐसे नामों का प्रयोग करते हैं जो किसी की नकल नहीं करते हैं. 

साथियों को बुलाने के लिए विशेष ध्वनि का प्रयोग 

इस रिसर्च में पता चला कि हाथी प्रत्येक हाथी को पुकारने के लिए विशेष ध्वनियों का प्रयोग करते हैं. इसके अलावा वे अपने लिए की गई आवाज को पहचानते भी हैं और उस पर प्रतिक्रिया देते हैं. हाथी अन्य के लिए की गई उसी आवाज को अनदेखा कर देते हैं. रिसर्चर्स ने बताया कि हाथी आवाज सुनते ही पता लगा लेते हैं कि वो आवाज उनके लिए थी या नहीं. हाथी कई प्रकार की आवाजें निकालते हैं जो धीमी से लेकर तेज गड़गड़ाहट वाली होती है जिसे इंसानों द्वारा नहीं सुना जा सकता है. 

रिसर्चर्स ने बताया कि हाथी इसके जरिए अपने अन्य साथियों से सामाजिक बंधन बनाए रखते हैं. जब वह अपने करीबी साथियों से अलग हो जाते हैं तो कुछ आवाजों का इस्तेमाल करते हैं ताकि वे अपने अन्य साथियों को अपने पास बुला सकें.